नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट की शुरुआत से देश के एविएशन सेक्टर में एक नई क्रांति आएगी। 28 मार्च यानी कल पीएम मोदी इस एयरपोर्ट का उद्घाटन करेंगे। इस ऐतिहासिक मौके को लेकर पूरे क्षेत्र में उत्साह का माहौल है। इसकी लगभग सभी तैयारियां पूरी हो चुकी हैं।
बता दें कि जेवर एयरपोर्ट का कल उद्घाटन है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के आगमन से पहले एयरपोर्ट परिसर दुल्हन की तरह सजाया जा रहा है। आधुनिक लाइटिंग, सजावटी संरचनाएं और विशेष व्यवस्थाएं इस आयोजन को भव्य बनाने में कोई कसर नहीं छोड़ रही हैं। एयरपोर्ट का पहला चरण एक रनवे के साथ शुरू होगा, जिसे घरेलू और अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के संचालन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। उद्घाटन के अवसर पर प्रधानमंत्री एक विशाल जनसभा को भी संबोधित करेंगे। इस जनसभा में लगभग एक लाख लोगों के शामिल होने की संभावना जताई जा रही है। कार्यक्रम स्थल को लेकर विशेष तैयारियां की जा रही हैं। बैठक व्यवस्था, पेयजल, पार्किंंग और ट्रैफिक प्रबंधन जैसे सभी पहलुओं पर बारीकी से काम किया जा रहा है। जेवर एयरपोर्ट की सबसे खास बात इसका टर्मिनल डिजाइन है, जिसे वाराणसी के प्रसिद्ध घाटों की तर्ज पर तैयार किया गया है। यह न केवल आधुनिकता का प्रतीक है, बल्कि भारतीय संस्कृति और वास्तुकला की झलक भी प्रस्तुत करता है। यह डिजाइन यात्रियों को एक अनोखा और यादगार अनुभव देने के उद्देश्य से तैयार किया गया है। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर प्रशासन पूरी तरह सतर्क और गंभीर है।
एयरपोर्ट और उसके आसपास के क्षेत्रों में लगभग 7000 पुलिसकर्मियों की तैनाती की जाएगी। इसके साथ ही अन्य जनपदों से 10 वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों को बुलाया गया है, जो पूरे सुरक्षा प्रबंधन की निगरानी करेंगे। इसके अलावा 10 प्रांतीय सशस्त्र बल की टीमें, 2 रैपिड एक्शन फोर्स यूनिट्स, सीआईएस और एसपीजी (स्पेशल प्रोटेक्शन ग्रुप) की टीमें भी सुरक्षा में तैनात रहेंगी। बहुस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था के तहत कार्यक्रम स्थल और एयरपोर्ट परिसर में कड़ी निगरानी रखी जाएगी। तकनीकी सुरक्षा के तहत कार्यक्रम स्थल के आसपास बड़ी संख्या में सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं, ताकि हर गतिविधि पर पैनी नजर रखी जा सके।
कंट्रोल रूम से इन कैमरों की मॉनिटरिंग की जाएगी, ताकि किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तुरंत कार्रवाई हो सके और किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके। इस उद्घाटन को उत्तर प्रदेश ही नहीं, बल्कि पूरे देश के विकास के दृष्टिकोण से एक ऐतिहासिक उपलब्धि माना जा रहा है। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट भविष्य में देश के सबसे बड़े एविएशन हब के रूप में उभर सकता है, जिससे न केवल रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे बल्कि क्षेत्रीय विकास और अंतरराष्ट्रीय कनेक्टिविटी को भी नई ऊंचाइयां मिलेंगी। यह परियोजना ‘नए भारत’ की प्रगति, आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर और वैश्विक स्तर पर भारत की बढ़ती पहचान का प्रतीक है।





