जन प्रवाद, ब्यूरो।
ग्रेटर नोएडा। यहां पर आर्य प्रतिनिधि सभा जनपद गौतमबुद्ध नगर के तत्वावधान में जेवर एयरपोर्ट का नाम महर्षि दयानंद सरस्वती के नाम से रखे जाने को लेकर नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा नामकरण संघर्ष समिति की आवश्यक बैठक संपन्न हुई। जिसमें 22 अगस्त 2026 को आर्य समाज ग्रेटर कैलाश फेस-1 नई दिल्ली में आयोजित होने वाले आर्यों के महासम्मेलन की तैयारी को अंतिम रूप दिया गया। बैठक की अध्यक्षता सम्मेलन के संयोजक डॉ. राकेश कुमार आर्य द्वारा की गई।

डॉ. आर्य ने बताया कि इस सम्मेलन की अध्यक्षता राष्ट्र निर्माण पार्टी के संस्थापक अध्यक्ष ठाकुर विक्रम सिंह द्वारा की जाएगी। सम्मेलन में सार्वदेशिक आर्य प्रतिनिधिसभा के प्रधान स्वामी आर्यवेश महाराज, अंतरराष्ट्रीय संत और उत्तर प्रदेश विद्या आर्य सभा के प्रधान स्वामी सच्चिदानंद महाराज, पूर्व केंद्रीय मंत्री डॉ. सतपाल सिंह व महात्मा जितेंद्र भाटिया सहित कई विद्वानों और आर्य नेताओं द्वारा संबोधन दिया जाएगा।

डॉ. आर्य ने उपस्थित आर्यजनों को संबोधित करते हुए कहा कि हमारी यह मांग लंबे समय से चली आ रही है। जिस पर केंद्र सरकार और प्रदेश की योगी सरकार को ध्यान देना चाहिए। उन्होंने कहा कि आगामी 22 अगस्त को होने वाले महासम्मेलन में आंदोलन की अग्रिम रूपरेखा तैयार की जाएगी। जिसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सहित उन सभी लोगों से मिलने का प्रयास किया जाएगा, जिनके माध्यम से उपरोक्त कार्य संपन्न होना संभावित है। कार्यक्रम की भावी रूपरेखा उपरोक्त महासम्मेलन में ही तय की जाएगी। इस बैठक में आर्य प्रतिनिधि सभा गौतमबुद्ध नगर के संरक्षक देवेंद्र सिंह आर्य, ब्रह्मचारी आर्य सागर, कार्यक्रम के सहसंयोजक डॉ. धर्मप्रकाश आर्य, देव मुनि महाराज, डॉ. युद्धवीर सिंह आर्य, डॉ. विद्यासागर वर्मा, चमन शास्त्री, सम्मेलन के कोषाध्यक्ष विजेंद्र सिंह आर्य, महावीर सिंह आर्य व मुकेश नागर एडवोकेट, मंत्री पंडित धर्मवीर आर्य द्वारा विचार व्यक्त किए गए। सभी वक्ताओं ने इस बात पर बल दिया कि स्वामी दयानंद महाराज का अपना ऐतिहासिक महत्व है। जिनको कांग्रेस की सरकारों ने उपेक्षित किया, परंतु मोदी से विशेष अपेक्षा की जाती है कि वह मूल रूप से गुजरात के रहने वाले स्वामी दयानंद जी महाराज को उनका सम्मान अवश्य प्रदान करेंगे।





