पटना, एजेंसी। बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने सामाजिक सुरक्षा योजनाओं (एसएसएस) के तहत राज्य के 94 लाख से अधिक लाभार्थियों के बैंक खातों में प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (डीबीटी) के जरिये बुधवार को 1,100-1,100 रुपये भेजे। इन लाभार्थियों में वरिष्ठ नागरिक, विधवा महिलाएं और दिव्यांगजन शामिल हैं। पटना में आयोजित एक कार्यक्रम में सम्राट ने राज्य सरकार की ओर से संचालित छह पेंशन योजनाओं के लाभार्थियों के खातों में वर्चुअल माध्यम से 1,100 करोड़ रुपये से अधिक राशि अंतरित की। बिहार सरकार ने पिछले साल वरिष्ठ नागरिकों, विधवा महिलाओं और दिव्यांगजनों को दी जाने वाली मासिक पेंशन राशि 400 रुपये से बढ़ाकर 1,100 रुपये कर दी थी। मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से जारी एक बयान के मुताबिक, सम्राट ने सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के 94 लाख से अधिक लाभार्थियों के बैंक खातों में डीबीटी के जरिये 1,100-1,100 रुपये की पेंशन राशि भेजी। मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार के गरीब, वंचित और जरूरतमंद वर्गों को सामाजिक सुरक्षा प्रदान करना उनकी सरकार की जिम्मेदारी है।
बयान में कहा गया है कि सभी लाभार्थियों को हर महीने निर्धारित समय सीमा के भीतर पेंशन राशि उपलब्ध कराई जा रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि निर्वाचित प्रधानमंत्री के रूप में सबसे लंबा कार्यकाल पूरा करने के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को समर्पित इस अवसर पर सरकार ने बुधवार को इन योजनाओं के 94 लाख से अधिक लाभार्थियों के खातों में 1,100 करोड़ रुपये से अधिक राशि अंतरित की। उन्होंने घोषणा की कि अब से सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के लाभार्थियों के बैंक खातों में हर महीने की 10 तारीख को पेंशन राशि अंतरित कर दी जाएगी। सम्राट ने कहा कि 60 साल या उससे अधिक उम्र के वे व्यक्ति, जो अभी तक सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ नहीं ले रहे हैं, उन्हें तत्काल आवेदन करना चाहिए। उन्होंने कहा कि योजना का लाभ हासिल करने के लिए आधार को बैंक खाते से जोड़ना आवश्यक है। सामाजिक कल्याण विभाग वृद्धजनों, विधवा महिलाओं और दिव्यांगजनों के लिए छह अलग-अलग पेंशन योजनाएं संचालित करता है। इनमें इंदिरा गांधी राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन योजना, मुख्यमंत्री वृद्धजन पेंशन योजना, इंदिरा गांधी राष्ट्रीय विधवा पेंशन योजना, लक्ष्मीबाई सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना, इंदिरा गांधी राष्ट्रीय दिव्यांग पेंशन योजना और बिहार राज्य दिव्यांग पेंशन योजना शामिल हैं। आंकड़ों के अनुसार, पेंशन योजनाओं के लाभार्थियों की सर्वाधिक संख्या (3,648) मधुबनी जिले में है, जिसके बाद पटना और पूर्वी चंपारण (3,455-3,455), समस्तीपुर (3,229), मुजफ्फरपुर (3,194) तथा गयाजी (2,978) का स्थान आता है।





