अमेरिका-ईरान युद्ध के बीच जुबानी जंग भी तेज

जन प्रवाद, ब्यूरो। 
नोएडा। अमेरिका-ईरान युद्ध के चलते भारत सहित कई देश पेट्रोल-डीजल और एलपीजी गैस की समस्या से जूझ रहे हैं। ईरान द्वारा आयात-निर्यात का मुख्य मार्ग होर्मुज जलडमरूमध्य को बंद कर दिया गया है। ईरान अब इस रास्ते पर टोल वसूलने की बात कह रहा है। वहीं डोनाल्ड ट्रंप ने मंगलवार यानी आज तक होर्मुज को खोलने का समय दिया है। ईरान का कहना है कि जब तक स्थायी युद्धविराम नहीं हो जाता तब तक होर्मुज को नहीं खोला जाएगा। इसी बीच डोनाल्ड ट्रंप का भी बयान सामने आया है। टंप का कहना है कि ईरान पर अमेरिका की जीत हुई है और ईरान हार चुका है। उन्होंने यह भी कहा कि अमेरिका भी होर्मुज में शुल्क वसूल सकता है। व्हाइट हाउस में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान ट्रंप ने कहा कि यदि हम विजेता हैं तो शुल्क लगाने का अधिकार भी हमारे पास है।  
बता दें कि होर्मुज ही एकमात्र वह रास्ता है जहां से दुनिया का 20 फीसदी कच्चा तेल आयात-निर्यात होता है। इसी बीच ईरान के पूर्व विदेश मंत्री ने डोनाल्ड ट्रंप को मूर्ख राष्ट्रपति बताते हुए कहा कि उन्होंने देश के इलेक्ट्रॉनिक इन्फ्रास्ट्रक्चर पर हमला करने को कहा है। उन्होंने अपील की कि अरब देशों के साथियों को ट्रंप को सबक सिखाना चाहिए और इस पूरे क्षेत्र को अंधेरे में डूबने से बचाना चाहिए। उन्हें सबक देना चाहिए कि वह खाड़ी क्षेत्र के साथ खिलवाड़ नहीं कर सकते हैं।


उधर डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि उन्हें कई ऐसे संदेश मिले हैं जिससे पता चला है कि वहां की जनता अपनी ही अपनी सरकार के खिलाफ और ज्यादा हमलों की मांग कर रही है। जब ट्रंप से यह पूछा गया कि इन हमलों का आम ईरानी नागरिक पर क्या असर पड़ेगा इस पर उन्होंने कहा कि ईरानी आजादी पाने के लिए खुद को खतरे में डाल रहे होंगे। ईरान के परमाणु ठिकानों को निशाना बनाने पर ट्रंप ने कहा कि उन्होंने इस फैसले को बहुत सोच-समझकर लिया है। ईरान में शासन परिवर्तन की बात पर ट्रंप ने स्पष्ट किया कि कोई भी अपनी सरकार के खिलाफ लड़ाई नहीं चाहता और इसके नतीजे अच्छे नहीं होंगे।


यही नहीं उन्होंने अपनी धमकी की पुष्टि भी की जिसमें उन्होंने ईरान को पाषाण युग में वापस भेजने की बात कही थी। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि समझौता नहीं हुआ तो ईरान के पास कोई पुल या पावर प्लांट शेष नहीं बचेगा। अपनी सख्त समय-सीमा के बारे में बात करते हुए ट्रंप ने बताया कि 10 दिन की अवधि आज खत्म हो रही थी, लेकिन उन्होंने इसे कुछ दिनों के लिए बढ़ा दिया है। उन्होंने साफ कर दिया कि मंगलवार रात 8 बजे यानी भारतीय समय के अनुसार बुधवार सुबह 1 बजे तक नई समय-सीमा भी खत्म हो जाएगी। उन्होंने कहा कि इसके बाद कोई रियायत नहीं दी जाएगी।


डोनाल्ड टंप ने एक शर्त भी रखी। उन्होंने कहा कि इस तरह का समझौता मंजूर होगा जिसमें तेल की बिना रोक-टोक आवाजाही सुनिश्चित हो। होर्मुज जलडमरूमध्य के विवाद पर ट्रंप ने एक नया और चौंकाने वाला बयान दे दिया। ट्रंप ने कहा कि हमारी जीत हुई है। होर्मुज हो हम हासिल कर चुके हैं। उन्होंने कहा कि ईरान को अमेरिकी डॉलर में तेल बेचने पर भी लगाम लगानी होगी। हालांकि, युद्ध अभी भी जारी है। डोनाल्ड ट्रंप के जीत के दावे सिर्फहास्य और व्यंग की तरह लोग ले रहे हैं। जबकि, सच्चाई पूरी दुनिया के सामने है कि ईरान होर्मुज बंद किए हुए हैं और उसका स्पष्ट कहना है कि जब तक युद्ध का स्थायी समाधान नहीं हो जाता जब तक होर्मुज को वह नहीं खोलेगा।