भाजपा ने प्रियंका गांधी को बताया गजनी

जनप्रवाद ब्यूरो, नई दिल्ली। कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी ने पीएम मोदी के इजरायल दौरे और संसद को संबोधित करने पर सवाल उठाए। इसके बाद भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने बुधवार को प्रियंका गांधी पर पलटवार करते हुए उन्हें भारतीय राजनीति की महिला गजनी करार दिया। कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी पर भाजपा ने गाजा में कथित नरसंहार पर अपनी सुविधा के अनुसार आक्रोश व्यक्त करने का आरोप लगाया। बता दें कि महिला गजनी का यह संदर्भ 2008 की हिंदी फिल्म गजनी के एक पात्र से प्रेरित है जिसकी याददाश्त बार-बार चली जाती है। उसे सिर्फ कुछ देर ही बातें याद रहती हैं। भाजपा ने आरोप लगाया कि प्रियंका गांधी को गाजा में मानवीय संकट दिखता है लेकिन वह इजराइल में सात अक्टूबर के हमलों को भूल गई हैं।
पीएम मोदी के दौरे पर उठाए थे सवाल

यह घटना ऐसे वक्त सामने आई है जब प्रियंका गांधी ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की इजराइल की दो दिवसीय यात्रा पर रवाना होने से पहले उन पर निशाना साधा और उम्मीद जताई कि वह इजराइल की संसद नेसेट को संबोधित करते हुए गाजा में हुए नरसंहार का जिक्र करेंगे और पीड़ितों के लिए न्याय की मांग करेंगे। केरल के वायनाड से कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर पोस्ट किया कि भारत को निश्चित रूप से दुनिया को सत्य, शांति और न्याय की रोशनी दिखाते रहना होगा। प्रियंका की इन टिप्पणियों पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता गौरव भाटिया ने एक्स पर लिखा, भारतीय राजनीति की महिला गजनी वापस आ गई हैं।
पुरानी तस्वीर की साझा 

भाटिया ने कांग्रेस नेता की एक पुरानी तस्वीर साझा की जिसमें वह फलस्तीन लिखा हुआ बैग लिए खड़ी हैं। उन्होंने कहा कि संसद में फलस्तीन लिखा हुआ बैग ले जाना तो आसान है लेकिन सात अक्टूबर को 1,200 से अधिक निर्दोष लोगों के नरसंहार, महिलाओं के अपहरण और बलात्कार की निंदा करने का नैतिक साहस दिखाना प्रियंका गांधी के लिए स्पष्ट रूप से बहुत मुश्किल है। भाटिया ने कहा कि ऐसे कृत्यों की निंदा करने के लिए बहुत नैतिक साहस की आवश्यकता होती है और वोट बैंक की राजनीति से ऊपर उठना पड़ता है। उन्होंने कहा कि आप भले ही गांधी उपनाम का इस्तेमाल करती हों, लेकिन आपमें दृढ़ विश्वास और साहस की कमी है। गौरतलब है कि पीएम मोदी की इजराइल यात्रा बुधवार से शुरू हो रही है, जिसका उद्देश्य दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय रक्षा और व्यापार सहयोग को मजबूत करना है। नौ वर्षों में यह उनकी इजराइल की दूसरी यात्रा है।