जनप्रवाद ब्यूरो, नई दिल्ली: पश्चिम बंगाल के पश्चिम मेदिनीपुर जिले के दांतन में हुई आगजनी की दुर्घटना ने पूरे राज्य को झुलसा दिया। मंगलवार को चुनाव प्रचार के आखिरी घंटों में हुई दांतन का मोहनपुर ब्लॉक अचानक से रणक्षेत्र में तब्दील हो गया और देखते ही देखते एक शांतिपूर्ण रैली चीख-पुकार और धुएं के गुबार में बदल गई। दांतन विधानसभा क्षेत्र से भाजपा उम्मीदवार अजीत कुमार जाना के समर्थन में हरिपुर से एक विशाल बाइक रैली निकाली गई थी। सैकड़ों कार्यकर्ताओं के जोश और नारों के बीच यह रैली मोहनपुर की ओर बढ़ रही थी। सब कुछ सामान्य लग रहा था, लेकिन जैसे ही यह काफिला आंतला इलाके के पास पहुंचा, वहां पहले से घात लगाकर बैठे हमलावरों के एक बड़े समूह ने रास्ता रोक लिया।
धारदार हथियारों और आगजनी के बीच रणक्षेत्र बना मोहनपुर
आरोप है कि यह हमला तृणमूल कांग्रेस के समर्थित बदमाशों द्वारा किया गया था। हमलावरों ने न केवल कार्यकर्ताओं को बेरहमी से पीटा, बल्कि संपत्तियों को भी भारी नुकसान पहुंचाया। रैली में शामिल कई मोटरसाइकिलों को बीच सड़क पर ही आग के हवाले कर दिया गया। धूं-धूं कर जलते वाहनों और टूटे हुए शीशों के बीच चारों तरफ अफरातफरी मच गई। इस हिंसक झड़प में भाजपा प्रत्याशी अजीत जाना के हाथ में गंभीर चोट आई है और उनकी गाड़ी में भी जमकर तोड़फोड़ की गई।
अस्पताल में जिंदगी की जंग लड़ रहे कार्यकर्ता
इस हमले के बाद घायल हुए सभी कार्यकर्ताओं को आनन-फानन में स्थानीय मोहनपुर ब्लॉक अस्पताल ले जाया गया। डॉक्टरों के अनुसार कई कार्यकर्ताओं को गहरे जख्म आए हैं। घायलों में से एक भाजपा कार्यकर्ता की स्थिति इतनी ज्यादा नाजुक पाई गई कि उसे प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए पड़ोसी राज्य ओडिशा के बालासोर अस्पताल में रेफर करना पड़ा। वहां वह कार्यकर्ता इस समय जिंदगी और मौत के बीच जंग लड़ रहा है। भाजपा का आरोप है कि विपक्ष की आवाज को दबाने के लिए जानलेवा हथियारों का इस्तेमाल किया गया है।
पुलिस ने किया फ्लैग मार्च
घटना की गंभीरता को देखते हुए पूरे दांतन क्षेत्र में भारी पुलिस बल और केंद्रीय सुरक्षा बलों की तैनाती कर दी गई है। स्थिति को नियंत्रण में रखने के लिए पुलिस के आला अधिकारी इलाके में फ्लैग मार्च कर रहे हैं।





