जनप्रवाद ब्यूरो, नोएडा। काफी जद्दोजहद के बाद आखिरकार श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को पहला सीईओ मिल गया है। एक ओर जहां सीईओ के रुप में एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा की नियुक्ति हई है वहीं ट्रस्ट में अन्य सदस्यों की भी नियुक्ति हुई है। श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के सीईओ की तो खूब चर्चाएं हो रहीं हैं लेकिन अन्य सदस्यों की नहीं। ट्रस्ट के सदस्यों के बारे में जानने के लिए देखिए ये खास वीडियो।
जितेंद्र मिश्रा को बड़ी जिम्मेदारी
पश्चिमी वायुसेना कमान का नेतृत्व संभालने वाले सेवानिवृत्त एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा को बड़ी जिम्मेदारी मिली है। उन्हें श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट का पहला मुख्य कार्यकारी अधिकारी यानी सीईओ नियुक्त किया गया है। बता दें कि आॅपरेशन सिंदूर के दौरान जितेंद्र मिश्रा ने खास भूमिका निभाई थी। नवनियुक्त सीईओ मिश्रा को आॅपरेशन सिंदूर में उनकी भूमिका के लिए सर्वोत्तम युद्ध सेवा मेडल से सम्मानित किया गया था। छह दिसंबर 1986 को भारतीय वायु सेना में शामिल हुए फाइटर पायलट मिश्रा ने 30 अप्रैल 2026 को रिटायर होने से पहले 39 साल से अधिक समय तक सेवा की। ट्रस्ट के अंतरिम महासचिव कृष्ण मोहन ने बैठक में लिये गये निर्णयों की जानकारी देते हुए कहा कि सीईओ पद के लिये 5,585 आवेदनों में से चयनित किए गए तीन उम्मीदवारों में से मिश्रा को इस पद के लिये चुना गया। सेवानिवृत न्यायाधीश न्यायमूर्ति प्रमोद कोहली की अध्यक्षता वाली सर्च कमेट में सेवानिवृत्त लेफ्टिनेंट जनरल विष्णुकांत चतुवेर्दी तथा पूर्व वैज्ञानिक सुरेश हवारे शामिल थे। समिति ने ट्रस्ट के तत्कालीन कोषाध्यक्ष गोविंद देव गिरि को अपनी अंतिम रिपोर्ट सौंपी थी। समिति के सचिव समीर पंडा के अनुसार नेतृत्व क्षमता, प्रबंधन की विशेषज्ञता, ईमानदारी और अन्य मानकों के अनुरूप आकलन करने के बाद तीन बहुत योग्य पेशेवरों की सिफारिश की थी। बता दें कि छह जुलाई को ट्रस्ट के अंतरिम महासचिव बनाये गये मोहन ने बताया कि अब नियमित महासचिव के पद पर ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष रहे गोविंद देव गिरि को नियुक्त करने का फैसला किया गया है। अब कोषाध्यक्ष का दायित्व नवनियुक्त न्यासी महेश भागचंदका संभालेंगे। बता दें कि सीईओ की नियुक्ति का फैसला सर्च कमेटी की सिफारिशों पर विचार-विमर्श के बाद लिया गया, जिसने इस पद के लिए तीन उम्मीदवारों के नाम तय किये थे।
कामकाज के लिये मानक संचालन प्रक्रियाएं
नवनियुक्त महासचिव गिरि ने बताया कि सीईओ के कामकाज के लिये मानक संचालन प्रक्रियाएं आने वाले दिनों में तैयार की जाएंगी। जिनमें उनके कर्तव्यों और जिम्मेदारियों का विवरण होगा। बैठक में अयोध्या के मदन मोहन पांडेय, दिल्ली के महेश भागचंदका और शिकोहाबाद की डॉक्टर निर्मला यादव को ट्रस्ट में नए ट्रस्टी के तौर पर शामिल करने का भी निर्णय लिया गया है। चुनाव समिति की बैठक में आय-व्यय का लेखा-जोखा प्रस्तुत किया। जिनके अनुसार वित्त वर्ष 2025-26 में 237 करोड़ की आय हुई है। इसमें से 91 करोड़ रुपये हुए हैं। वहीं निर्माण कार्यों पर 425 करोड़ का पूंजीगत व्यय हुआ। 31 मार्च 2026 को ट्रस्ट के पास कुल उपलब्ध धनराशि 1882 करोड़ रुपये थी।
देवरिया के मूल निवासी हैं जितेंद्र मिश्रा
बता दें ट्रस्ट के नए सीईओ जितेंद्र मिश्रा देवरिया के मूल निवासी हैं। उनकी नियुक्ति पर उनके पुश्तैनी गांव में जश्न का माहौल है। वहीं मंदिर ट्रस्ट में शामिल की गयीं पहली महिला निर्मला यादव की नियुक्ति को लेकर शिकोहाबाद में उल्लास है। एटा की मूल निवासी और शिकोहाबाद की रहने वाली डॉक्टर निर्मला यादव ने फिरोजाबाद में महात्मा गांधी महिला परास्नातक महाविद्यालय की प्राचार्य के रूप में कार्य किया। वे 1974 से राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से जुड़ी रही हैं। उन्होंने राम मंदिर आंदोलन में सक्रिय रूप से भाग लिया था।





