तमिलनाडु : अमोनिया गैस रिसाव से जान गंवाने वालों की संख्या पांच हुई, संयुक्त टीम कर रही जांच

चेन्नई, एजेंसी। तमिलनाडु के श्रम कल्याण मंत्री जे मोहम्मद फरवास ने सोमवार को विधानसभा में कहा कि तिरुवल्लूर जिले में अमोनिया गैस रिसाव हादसे में मृतक संख्या बढ़कर पांच हो गई है और उनके पार्थिव शरीरों को उनके गृह राज्य भेजने के इंतजाम किए जा रहे हैं। राज्य के स्वास्थ्य अधिकारियों ने बताया कि 21 जून को दो महिलाओं की मौत हुई थी और सोमवार सुबह तीन और प्रवासी महिला श्रमिकों ने दम तोड़ दिया, जिससे इस गैस रिसाव दुर्घटना में मृतकों की संख्या बढ़कर पांच हो गई है।

सदन में विधानसभा अध्यक्ष जे.सी.डी. प्रभाकर और अखिल भारतीय अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कषगम (अन्नाद्रमुक) सदस्यों में इस विषय को लेकर तीखी बहस और हंगामे और के बीच, मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री सी जोसेफ विजय ने 24 घंटे के भीतर एक प्रारंभिक रिपोर्ट और तीन दिन में सरकार को एक व्यापक रिपोर्ट सौंपने के लिए स्वास्थ्य और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिकारियों की एक संयुक्त टीम का गठन किया है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने शोक संतप्त परिवारों के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त करने के साथ ही पीड़ितों के परिवारों को दो-दो लाख रुपये की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की है। फरवास ने कहा कि सुरक्षा में चूक के लिए जिम्मेदार पाए जाने वाले किसी भी व्यक्ति के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने विधानसभा में नियम 110 के तहत एक बयान देते हुए इस बात पर बल दिया कि सरकार उच्च स्तरीय जांच समिति के निष्कर्षों के आधार पर जवाबदेही को सख्ती से लागू करेगी। मंत्री ने चेताया कि सुरक्षा या परिचालन संबंधी चूकों के पीछे जो भी लोग होंगे, उन्हें कानूनी कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा। इसके अलावा, मुख्यमंत्री विजय ने आदेश दिया था कि कर्मचारी राज्य बीमा (ईएसआई) योजना और सरकारी राहत कोष के तहत वित्तीय मुआवजे में तेजी लाई जाए और प्रभावित परिवारों को बिना किसी देरी के राहत पहुंचाई जाए। दुर्घटना के बारे में विवरण देते हुए मंत्री ने कहा कि पाइपलाइन में अचानक हुए अमोनिया गैस रिसाव के कारण 70 महिलाओं सहित 74 श्रमिक बेसुध होकर गिर पड़े और उन्हें इलाज के लिए सरकारी व निजी अस्पतालों में भर्ती कराया गया। फरवास ने कहा, दुर्भाग्य से, इस दुर्घटना में पांच महिलाओं की मौत हो गई। मुख्यमंत्री ने अपनी गहरी संवेदना व्यक्त की और मुख्यमंत्री राहत कोष के तहत अनुग्रह राशि की घोषणा की। उन्होंने यह भी घोषणा की कि सरकारी खर्च पर पार्थिव शरीरों को उनके गृह राज्य भेजने की व्यवस्था सरकार करेगी। उन्होंने कहा कि भविष्य में ऐसी दुर्घटनाओं को रोकने के लिए उचित कार्रवाई की जाएगी। तमिलनाडु में कुल 54,957 उद्योग हैं जिनमें 27.65 लाख श्रमिक कार्यरत हैं और उनमें से 6,609 श्रमिक खतरनाक श्रेणी की औद्योगिक इकाइयों में काम करते हैं। जब मंत्री के भाषण में बार-बार बाधा डाली गई, तो विधानसभा अध्यक्ष ने सदस्यों से हस्तक्षेप न करने और बयान पढ़े जाने तक शांति बनाए रखने को कहा। हालांकि, अन्नाद्रमुक के महासचिव ई.के. पलानीस्वामी ने विधानसभा अध्यक्ष से उनके मुद्दे उठाने पर जोर दिया, लेकिन इस दौरान दोनों के बीच तीखी बहस हुई। बाद में अन्नाद्रमुक सदस्यों ने सदन से वॉकआउट कर दिया। तिरुवल्लूर जिले स्थित पेरियापालयम के निकट कनिगैपेयर गांव में एक निजी फिश मील निर्यात कारखाने की उत्पादन इकाई में रविवार को अमोनिया गैस रिसाव हो गया था।