जन प्रवाद, ब्यूरो।
नोएडा। नोएडा थाना फेस-1 पुलिस ने पुलिस कस्टडी रिमांड पर आई अभियुक्ता की निशानदेही पर 23 किलो 400 गांजा बरामद किया है। इसकी अनुमानित कीमत करीब साढ़े तीन लाख रुपये बताई जा रही है। वहीं थाना सेक्टर-63 पुलिस ने आठ अभियुक्तों को गिरफ्तार कर बड़ी संख्या में चोरी के मोबाइल फोन सहित अन्य सामान बरामद की है। 
थाना फेस-1 पुलिस के अनुसार न्यायालय गौतमबुद्धनगर से स्वीकृत पुलिस कस्टडी में आई अभियुक्ता हेमा पत्नी संजय उर्फबाबू की निशानदेही पर एफ-24 खंडहरनुमा बिल्डिंग सेक्टर-8 से 23 किलो 400 ग्राम अवैध गांजा बरामद किया गया है। बरामद गांजे की अनुमानित कीमत करीब 3 लाख 40 हजार रुपये बताई जा रही है। पुलिस रिमांड पर आई अभियुक्ता वांछित चल रही थी। जिसने 29 जुलाई को न्यायालय गौतमबुद्धनगर में आत्मसमर्पण किया था। पुलिस पूछताछ में उसने बताया कि वह काफी समय से गांजा व मादक पदार्थ की तस्करी करती थी। वह बड़ी मात्रा में दिल्ली से गांजा मंगवाती थी। उसके अन्य साथी टिंकू पुत्र रामबाबू, मोहम्मद मुजफ्फर अंसारी पुत्र जियाबुल अंसारी को 26 जून को अवैध गांजा के साथ गिरफ्तार किया गया था। 
डीसीपी नोएडा शैलेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि थाना सेक्टर-63 पुलिस ने लोकल इंटेलिजेंस एवं गोपनीय सूचना के आधार पर मोबाइल फोन स्चेचिंग, टप्पेबाजी एवं चोरी करने वाले कुशल पुत्र कनही सिंह एवं रूपेश उर्फगोलू पुत्र सुनील कुमार मिश्रा को ग्रीन बेल्ट सेक्टर-63 से गिरफ्तार किया गया। उनके कब्जे से पुलिस ने लूट से संबंधित मोबाइल फोन, एक अवैध चाकू और चोरी की एक मोटरसाइकिल बरामद की है। पूछताछ के दौरान उन्होंने चोरी व स्नैचिंग कर बेचे गए मोबाइल फोन के बारे में जानकारी दी। इसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए मोेबाइल फोन खरीदने वाले छह अभियुक्तों को गिरफ्तार किया। इनमें निजामुद्दीन पुत्र शाहबुद्दीन, आरिफ पुत्र शौकीन, सोनू पुत्र पप्पू, छोटे पुत्र जब्बीर, गुलफाम पुत्र शौकीन एवं हारुन पुत्र बल्ली को गिरफ्तार किया गया है। गिरफ्तार अभियुक्तों के कब्जे से पुलिस ने 97 मोबाइल फोन, 100 डिस्प्ले, 207 बैटरी, 40 मोबाइल खोखा व 103 मोबाइल बैक पैनल बरामद किए गए। इनके पास से कुल 300 से अधिक मोबाइल व उनके पार्ट्स बरामद किए गए।
पूछताछ में कुशल ने पुलिस को बताया कि वह रैपिडो चलाता है और अपने साथ रूपेश के साथ मिलकर राह चलते व्यक्तियों से मोबाइल फोन स्नैच एवं लूट लेता है। इसके बाद लूटे गए मोबाइल को अपने साथियों को बेच देता है। इसके अलावा फोन खरीदने वाले अभियुक्तों ने बताया कि वह जीरा बेचने व बाल खरीदने का काम करते हैं। उन्होंने बताया कि हम लोग चोरी व लूट करने वाले लोगों से मोबाइल फोन 1500 से 2000 रुपये में खरीदते थे। उन मोबाइल फोन के पार्ट्स निकालकर हम उनको इकट्ठा करके बेच देते थे और जो पैसा मिलता था उसे हम आपस में बाट लेते थे।
नोएडा में लाखों का गांजा बरामद, स्नेचर दबोचे, 300 फोन बरामद
07-Aug-2026





