आदित्य ठाकरने बागी सांसदों पर साधा बड़ा निशाना, लालच के कारण जनादेश छोड़ दिया 

मुंबई, एजेंसी। शिवसेना (उबाठा) विधायक आदित्य ठाकरे ने बागी सांसदों पर सोमवार को तीखा हमला बोला और दावा किया कि राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के उम्मीदवारों को उनके-अपने निर्वाचन क्षेत्रों के मतदाताओं ने खारिज कर विपक्षी गठबंधन इंडिया का समर्थन किया था, लेकिन लालच के कारण उन्होंने रातों-रात उस जनादेश को बेशर्मी से छोड़ दिया। ठाकरे ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा कि बागियों की निष्ठा और प्रतिष्ठा बिकाऊ है, साथ ही उन्होंने सरकार पर पक्षपात करने और राजनीतिक उद्देश्यों के लिए सार्वजनिक धन के दुरुपयोग का आरोप लगाया। शिवसेना (उबाठा) प्रमुख उद्धव ठाकरे को झटका देते हुए उनकी पार्टी के नौ लोकसभा सदस्यों में से छह ने बगावत कर दी है। इनमें से दो ने महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे नीत सत्तारूढ़ शिवसेना में शामिल होने की पुष्टि की है। आदित्य ठाकरे ने कहा,  जो लोग अब पाला बदल रहे हैं, वे सभी राजग के खिलाफ महाविकास आघाडी (एमवीए) और इंडिया गठबंधन से चुने गए थे। उनके लिए शिवसेना (उबाठा), कांग्रेस और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरद पवार) के नेताओं ने प्रचार किया था। हर किसी ने सभी दलों और सहयोगियों के नेताओं से रैली करने को कहा था। उन्होंने कहा, मतदाताओं ने आपके क्षेत्रों में राजग उम्मीदवारों के खिलाफ और इंडिया गठबंधन के पक्ष में वोट दिया था। बस, यह स्वीकार कर लें कि आपके लालच ने आपको रातों-रात सब कुछ छोड़ने पर मजबूर किया, वह भी बेशर्मी से। शिवसेना (उबाठा) के जिन छह सांसदों ने बगावत की है, उनमें नागेश पाटिल अष्टिकर और ओमप्रकाश राजेनिम्बालकर ने रविवार को अपने पाला बदलने की पुष्टि की। उन्होंने इसके पीछे विभिन्न कारणों का हवाला दिया, जिनमें फंड की कमी भी शामिल है। इस बगावत ने महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे की अपनी पार्टी को एकजुट रखने की क्षमता पर नए सवाल खड़े कर दिए हैं, खासकर भविष्य की राजनीतिक लड़ाइयों को देखते हुए।